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डॉ. शैलेश शुक्ला

सुप्रसिद्ध कवि, न्यू मीडिया विशेषज्ञ एवं प्रधान संपादक, सृजन ऑस्ट्रेलिया

सृजन ऑस्ट्रेलिया | SRIJAN AUSTRALIA

विक्टोरिया, ऑस्ट्रेलिया से प्रकाशित, विशेषज्ञों द्वारा समीक्षित, बहुविषयक अंतर्राष्ट्रीय ई-पत्रिका

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डॉ. शैलेश शुक्ला

सुप्रसिद्ध कवि, न्यू मीडिया विशेषज्ञ एवं
प्रधान संपादक, सृजन ऑस्ट्रेलिया

श्रीमती पूनम चतुर्वेदी शुक्ला

सुप्रसिद्ध चित्रकार, समाजसेवी एवं
मुख्य संपादक, सृजन ऑस्ट्रेलिया

डॉ. रेखा जैन की कविता – ‘परिणय’

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सुखद जीवन की अनुभूति से लजाई
दुल्हन बनी बैठी सजी सजाई
हाथों में मेहंदी रचाई
अपने साथ अनेक अरमान लाई
परिणय कर प्रिय संग ससुराल आई।
पहले बहुत घबराई
फिर थोड़ी सी शरमाई
फिरआकर रस्म निभाई
कुछ दिन जिंदगी अच्छी बिताई
और बाद में पल-पल आती रही रूलाई।
जिंदगी मेरी नरक बनाई।
दहेज की बेदी पर मेरी बली चढ़ाई।
दहेज ने लाखों घर बर्बाद करवाई
दहेज के कारण लाखों कन्या डोली में बैठ ना पाई।
मुझे #परिणय की महता बतलाई
पर मेरी समझ ना आई
क्योंकि मैं हो गई अब पराई
अपनों के द्वारा सताई
कर दो मेरी जुदाई
तभी मिलेगी मुझे रिहाई
बुरे विचारों की होगी सफाई
अपना भविष्य दे रहा मुझे दिखाई।
इस बात की  मैंने समझी गहराई
अब ना बनूंगी मैं किसी की लुगाई
कोई नहीं देगा मुझे रिश्तों की दुहाई।

Last Updated on January 4, 2021 by srijanaustralia

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