न्यू मीडिया में हिन्दी भाषा, साहित्य एवं शोध को समर्पित अव्यावसायिक अकादमिक अभिक्रम

डॉ. शैलेश शुक्ला

सुप्रसिद्ध कवि, न्यू मीडिया विशेषज्ञ एवं प्रधान संपादक, सृजन ऑस्ट्रेलिया

सृजन ऑस्ट्रेलिया | SRIJAN AUSTRALIA

विक्टोरिया, ऑस्ट्रेलिया से प्रकाशित, विशेषज्ञों द्वारा समीक्षित, बहुविषयक अंतर्राष्ट्रीय ई-पत्रिका

A Multidisciplinary Peer Reviewed International E-Journal Published from, Victoria, Australia

डॉ. शैलेश शुक्ला

सुप्रसिद्ध कवि, न्यू मीडिया विशेषज्ञ एवं
प्रधान संपादक, सृजन ऑस्ट्रेलिया

श्रीमती पूनम चतुर्वेदी शुक्ला

सुप्रसिद्ध चित्रकार, समाजसेवी एवं
मुख्य संपादक, सृजन ऑस्ट्रेलिया

‘देशभक्ति काव्य लेखन प्रतियोगिता ‘ हेतु प्रेम कविता-शीर्षक: प्रेम कुटीर

Spread the love
image_pdfimage_print

प्रेम कुटीर
————-

हम कम बोलते हैं आपसे
नज़र मिलाते हैं ज्यादा
ज्यादा कोशिश तो करते हैं पर टिक
नहीं पा रहे हैं दिल कमज़ोर है ज्यादा

सोचा रोमियो जैसे पीछे पड़ूं !
मजुनू जैसे दिल कोलकर प्यार करूं!
दिल में तिल टूटने लगे हैं डर रहा हूं
कहीं उनके जैसे इतिहास न बनूं

याद आयी राधा-कृष्ण की जोड़ी, पवित्र
प्रेम-बन्धन से बदल गई समय की घड़ी
स्नेह के नाम पर प्रेम करूं ! या प्रेम के                  नाम पर स्नेह करूं ! बस सोचता ही रहा

दिन बीत गयें साल-साल निकल गयें
खेले आंख-मिचौली कहीं वसंतें
कभी बन्द न होने लगी दिल की खिड़की
बस चलती थी हमारी प्रेम की गाड़ी

आयी प्रेमिका बनकर  प्रेम देवी  सामने
दिन महीने साल निकलें, भगवान जाने
निकले थे अलग-अलग दिशाओं में
बन्दी थे मोह-जीवन से, आज हम स्वतंत्र हैं

आज हम बोलते हैं ज्यादा आपस में
नज़र मिलाते हैं विश्वास से भी ज्यादा
दिल में लड्डू फूटने लगे हैं, डर किसका
प्रेम का वसंत आया पवित्र प्रेम में नहाया

हम न बन पाये लैला मजुनू या न बने
रोमियो जूलियट या सलीम आनरकली
बस पवित्र प्रेम कुटीर में एक हुएं, स्नेह से
प्रेम से इस वृद्धाश्रम में हम स्वतंत्र हुएं ।

Last Updated on January 6, 2021 by puttannahr

  • Dr.H.R.PUTTANNA
  • Associate Professor, HOD
  • St. Anne's Degree College for Women Bangalore
  • [email protected]
  • Department of Hindi, St. Anne's Degree College for Women,#23 Cambridge Road, Halasuru, Bangalore 560008, Karnataka, India Phone No: 9901511260
Facebook
Twitter
LinkedIn

More to explorer

fafa

हिंदी पत्रकारिता का वैश्विक विस्तार: विरासत, विकास और भविष्य का विराट विमर्श

Spread the love

Spread the love Print 🖨 PDF 📄 eBook 📱हिंदी पत्रकारिता का वैश्विक विस्तार: विरासत, विकास और भविष्य का विराट विमर्श डॉ. शैलेश

123

हिन्दी पत्रकारिता के 200 वर्ष : भोपाल में जुटेंगे देश-विदेश के मनीषी, समकालीन चुनौतियों और भविष्य पर होगा व्यापक विमर्श

Spread the love

Spread the love Print 🖨 PDF 📄 eBook 📱हिन्दी पत्रकारिता के 200 वर्ष : भोपाल में जुटेंगे देश-विदेश के मनीषी, समकालीन चुनौतियों

1 thought on “‘देशभक्ति काव्य लेखन प्रतियोगिता ‘ हेतु प्रेम कविता-शीर्षक: प्रेम कुटीर”

Leave a Comment

error: Content is protected !!