न्यू मीडिया में हिन्दी भाषा, साहित्य एवं शोध को समर्पित अव्यावसायिक अकादमिक अभिक्रम

डॉ. शैलेश शुक्ला

सुप्रसिद्ध कवि, न्यू मीडिया विशेषज्ञ एवं प्रधान संपादक, सृजन ऑस्ट्रेलिया

सृजन ऑस्ट्रेलिया | SRIJAN AUSTRALIA

विक्टोरिया, ऑस्ट्रेलिया से प्रकाशित, विशेषज्ञों द्वारा समीक्षित, बहुविषयक अंतर्राष्ट्रीय ई-पत्रिका

A Multidisciplinary Peer Reviewed International E-Journal Published from, Victoria, Australia

डॉ. शैलेश शुक्ला

सुप्रसिद्ध कवि, न्यू मीडिया विशेषज्ञ एवं
प्रधान संपादक, सृजन ऑस्ट्रेलिया

श्रीमती पूनम चतुर्वेदी शुक्ला

सुप्रसिद्ध चित्रकार, समाजसेवी एवं
मुख्य संपादक, सृजन ऑस्ट्रेलिया

तेरी गली से

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तेरी गली से शब ओ रोज़ मुस्कुराते हुए
मै जा रहा था फ़क़त तित्लीयाँ उड़ाते हुए !!

तेरे हुज़ूर जो आया तो ये ज़रूर हुआ
तु रो पड़ा था मेरा क़द ज़रा बढाते हुए !!

तेरे लबों से तो कुछ ऐसी आशनाई थी
सुबह से शाम हुई उंगलीयां सजाते हुए !!

मुझे पता था कि हर ज़ख्म भर ही जाता है
हर एक ज़ख्म पे हंसता था चोट खाते हुए !!

दर – ए – सुकून तो आई नहीं कभी दुनिया
दर – ए – हबीब मगर आई ग़म मनाते हुए !!

मेरे हुक़ूक़ मुझे इस तरह से मिलते हैं
कि जैसे भीख मिले तेरे दर से जाते हुए !!

Last Updated on December 11, 2020 by stq.awesome

  • Syed Taha Quadri
  • Trainee Editor
  • Srijan Australia International E magazine
  • [email protected]
  • Allahabad, Uttar pradesh.
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