न्यू मीडिया में हिन्दी भाषा, साहित्य एवं शोध को समर्पित अव्यावसायिक अकादमिक अभिक्रम

डॉ. शैलेश शुक्ला

सुप्रसिद्ध कवि, न्यू मीडिया विशेषज्ञ एवं प्रधान संपादक, सृजन ऑस्ट्रेलिया

सृजन ऑस्ट्रेलिया | SRIJAN AUSTRALIA

6 मैपलटन वे, टारनेट, विक्टोरिया, ऑस्ट्रेलिया से प्रकाशित, विशेषज्ञों द्वारा समीक्षित, बहुविषयक अंतर्राष्ट्रीय ई-पत्रिका

A Multidisciplinary Peer Reviewed International E-Journal Published from 6 Mapleton Way, Tarneit, Victoria, Australia

डॉ. शैलेश शुक्ला

सुप्रसिद्ध कवि, न्यू मीडिया विशेषज्ञ एवं
प्रधान संपादक, सृजन ऑस्ट्रेलिया

श्रीमती पूनम चतुर्वेदी शुक्ला

सुप्रसिद्ध चित्रकार, समाजसेवी एवं
मुख्य संपादक, सृजन ऑस्ट्रेलिया

सती शंकर भारतीय नाग संतो का बलिदान

कौन कहता है माँ भारती के
सत्य सनातन का साधु संत
धर्म कर्म साधना आराधना शास्त्र
आचरण का सिर्फ प्रवचन सुनाते।।
जब- जब राष्ट्र समाज पर क्रुरता आक्रांता आता।।

जागृत हो साधु संतों का समाज
मंदिर से क्रांति चेतना के अंगारों में खुद की आहूति करते भेंट चढ़ाते।।

घंटे और घड़ियालों की आवाजों से
राष्ट्र समाज को नित्य झकझोरता सावधान करता।।
कुरूक्षेत्र के युद्ध भूमि से योगेश्वर कृष्ण के गीता ज्ञान का हो प्रत्यक्ष प्रमाण धर्म युद्ध में पांचजन्य की
शंख नाद है करता।।
भारत ने भुला दिया सत्य सनातन के
साधु संतों सन्यासियों की देश भक्ति।।
बलिदान का गौरवशाली इतिहास
सर्वश्व न्यवछावर कर बचा लिया
जिसने भारत की लाज।।
भारत की आजादी गणतन्त्र के शुभ
पर्व माँ भारती की रक्षा अस्मत पर मिट जाने वाले संतो की हम याद दिलाते ।।

मिट गए
हज़ारो जल नदी की रक्त सी हो गयी
लाल।।
अफगानी आक्रांता के नियत और
इरादे रौंदना भारत भूमि पे था करना मौत का था नंगा नाच ।।

विकृत विचारों का
दानव दुष्ट निकल पड़ा भारत को करने
शर्म सार भारत भूमि की मर्यादा का करने तार तार।।

नागा साधु संतों ने किया प्रतिकार
एक हाथ मे वेद पुराण दूजे हाथ तलवार।।

दुश्मन से करने दो दो हाथ हर हर महादेव जय भवानी की गूंज गान।।
नागा साधु संतों ने भारत की मर्यादा
रक्षा में सर्वश्व किया बलिदान
नापाक इरादों के दुशमन कर दिया धूल धुसित भगा लेकर जान।।
बचा लिया होने से भारतीयों का
कत्लेआम ना जाने कितने भारत वासी दानवता की चढ़ते भेट मंदिर तोड़े जाते होती वहाँ आज़ान।।

आज
वर्तमान में भारत की पीढ़ी गुलामी
की एक अलग काला अध्याय सुनते
और सुनाते।।
ना जाने क्यों भुल गया भारत का इतिहास भारत के सत्य सनातन के नाग साधु संतो के सौर्य पराक्रम का बलिदान।।
गनतंत्र दिवस पर नागा साधु संतों के बलिदान बीरता का इतिहास हम भारत वासी है गाते श्रद्धा से
शीश झुकाते।।

भारत की आज़ादी अस्मत पर ना जाने कितने ही इतिहास
अनजाने -जाने हम याद दिलाते ।।

भारत की आज़ादी अस्मत के बलिदानों को कृतज्ञ राष्ट्र के माथे का चंदन गौरव गरिमा मान अभिमान सुनते ।।

नन्दलाल मणि त्रिपाठी पीताम्बर गोरखपुर उत्तर प्रदेश

Last Updated on January 24, 2021 by nandlalmanitripathi

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