न्यू मीडिया में हिन्दी भाषा, साहित्य एवं शोध को समर्पित अव्यावसायिक अकादमिक अभिक्रम

डॉ. शैलेश शुक्ला

सुप्रसिद्ध कवि, न्यू मीडिया विशेषज्ञ एवं प्रधान संपादक, सृजन ऑस्ट्रेलिया

सृजन ऑस्ट्रेलिया | SRIJAN AUSTRALIA

6 मैपलटन वे, टारनेट, विक्टोरिया, ऑस्ट्रेलिया से प्रकाशित, विशेषज्ञों द्वारा समीक्षित, बहुविषयक अंतर्राष्ट्रीय ई-पत्रिका

A Multidisciplinary Peer Reviewed International E-Journal Published from 6 Mapleton Way, Tarneit, Victoria, Australia

डॉ. शैलेश शुक्ला

सुप्रसिद्ध कवि, न्यू मीडिया विशेषज्ञ एवं
प्रधान संपादक, सृजन ऑस्ट्रेलिया

श्रीमती पूनम चतुर्वेदी शुक्ला

सुप्रसिद्ध चित्रकार, समाजसेवी एवं
मुख्य संपादक, सृजन ऑस्ट्रेलिया

हम हैं भारतवासी

“हम हैं भारतवासी”

विपत्ति आने पर जो डर जाते हैं ,
हम नही वो कायर कहलाते हैं
हर मुश्किल को यू हराते हैं ,
सही मायने में तब हम भारतवासी कहलाते हैं
जब जब संकट की घड़ी आयी है ,
हर चेहरे पर मुस्कान बनकर छायी है
डटकर जो उसका सामना करते हैं,
सही मायने में तब हम भारतवासी कहलाते हैं
न ही घबराते हैं,न ही डरवाते हैं ,
बस थाम एक-दूसरे का हाँथ हर डगर पार करवाते हैं
सही मायने में तब हम भारतवासी कहलाते हैं ,
डर लगता है कि क्या ये हो सकता है
यही सोच के वो आगे बढ़ सकता है ,
हर मुश्किल को वो आसां बनाते है
सही मायने में तब हम भारतवासी कहलाते हैं ,
एक दृढ़ निर्णय ही तो पथ दिखलाता है
शुरुआत को अंत तक पहुचाता है ,
तभी तो वो सही मायने में भारतवासी कहलाता है
जब जोर हथेली पर पड़ता है ,
वह चुप चाप यूँ ही न थर्राता है
सिसक सिसक के भी वह हर बार आगे बढ़ता जाता है ,
हर आस को उसके अंजाम तक पहुचाता है
तभी तो वो सही मायने में भारतवासी कहलाता है
स्वतंत्रता मिलने से पहले भी तो हमने देखा है ,
हज़ार बार तो लड़के हमनें देखा है
मिला था न मूल्य हमारे लडाई लड़ने का ,
एक दिन हक दिला ही दिया हर गुलिस्तां के सिपाही का
यही सीख तो हमे निरंतर दुहरानी है,
हर अंश-अंश को ये कहानी सुनानी है
न ही हम डरते हैं,न ही घबराते हैं ,
डटकर हर मुश्किल को आसां बनाते हैं,
तभी तो सही मायने में हम भारतवासी कहलाते हैं

*जय हिद,जय भारत*

स्वरचित
आशुतोष कुमार (स०अ०)
प्रा०वि० बन्दीपुर,हथगांव
फतेहपुर (उ०प्र०)
मो.9838332986
ईमेल आईडी[email protected]

 

Last Updated on November 9, 2020 by ashurag77

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